रविवार, 25 अक्टूबर 2026
ब्रेकिंग
National Medical Commission क्या है और यह कैसे काम करती है? आयुष्मान कार्ड डाउनलोड कैसे करें: स्टेप-बाय-स्टेप ऑनलाइन तरीका पीएम किसान योजना: eKYC, स्टेटस चेक और किस्त के नियम वाराणसी एयर शो में तेज धूप और भीड़ से 142 लोगों की तबीयत बिगड़ी, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट पीएम मोदी के काशी दौरे की तैयारी पूरी, पुलिस लाइन से नमो घाट तक 12 जगहों पर होगा स्वागत Cardiff City vs Birmingham: आज चैंपियनशिप में होगी भिड़ंत, जानिए हेड-टू-हेड और स्थिति
हेल्थ

National Medical Commission क्या है और यह कैसे काम करती है?

नेशनल मेडिकल आयोग (NMC) भारत में मेडिकल कॉलेजों, शिक्षा और डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन को नियंत्रित करने वाला शीर्ष विधिक निकाय है।

National Medical Commission – नेशनल मेडिकल कमीशन और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी जानकारी
प्रतीकात्मक तस्वीर — फोटो: sasint / Pixabay

भारत में चिकित्सा शिक्षा के स्तर को बनाए रखने, मेडिकल कॉलेजों की देखरेख करने और डॉक्टरों के लिए आचार संहिता तय करने की जिम्मेदारी एक प्रमुख सरकारी संस्था के पास होती है, जिसे National Medical Commission (NMC) कहा जाता है। यह निकाय देश में मेडिकल प्रोफेशन और स्वास्थ्य सेवाओं के विनिमय का मुख्य केंद्र है।

पुराने मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (MCI) को समाप्त करके इस नई व्यवस्था की शुरुआत की गई थी। यह स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के अंतर्गत एक सांविधिक निकाय के रूप में काम करता है।

National Medical Commission: NMC का गठन और मुख्य उद्देश्य

नेशनल मेडिकल कमीशन अधिनियम के तहत गठित यह संस्था चिकित्सा शिक्षा में पारदर्शिता लाने और उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए बनाई गई थी। इसका मुख्य उद्देश्य देश में आधुनिक चिकित्सा प्रणाली के मानकों को ऊंचा उठाना, चिकित्सा पेशेवरों की पारदर्शिता सुनिश्चित करना और आम जनता के हितों की रक्षा करना है। यह संस्था यह भी सुनिश्चित करती है कि मेडिकल की पढ़ाई और प्रैक्टिस में नैतिक मूल्यों का पालन हो।

चार प्रमुख स्वायत्त बोर्ड

नेशनल मेडिकल कमीशन अपने कार्यों को सुचारू रूप से चलाने के लिए चार विशेष स्वायत्त बोर्डों के माध्यम से काम करता है:

  • अंडर-ग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन बोर्ड (UGMEB): स्नातक स्तर की मेडिकल शिक्षा और सीटों के निर्धारण से जुड़े मामलों को संभालता है।
  • पोस्ट-ग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन बोर्ड (PGMEB): स्नातकोत्तर और सुपर-स्पेशलिटी मेडिकल शिक्षा की देखरेख करता है।
  • मेडिकल असेसमेंट एंड रेटिंग बोर्ड (MARB): मेडिकल कॉलेजों का मूल्यांकन और उन्हें मान्यता देने या नवीनीकरण का कार्य करता है।
  • एथिक्स एंड मेडिकल रजिस्ट्रेशन बोर्ड (EMRB): डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन, नेशनल मेडिकल रजिस्टर और चिकित्सा आचार संहिता का पालन कराने का कार्य करता है।

प्रमुख कार्य और जिम्मेदारियां

इस आयोग के दायरे में देश की पूरी चिकित्सा व्यवस्था से जुड़े कई महत्वपूर्ण काम आते हैं:

  • नए मेडिकल कॉलेज खोलने, सीटों की संख्या बढ़ाने और पुराने संस्थानों की निगरानी करने के लिए नियम बनाना।
  • देशभर के सभी पंजीकृत चिकित्सकों का एक एकीकृत डेटाबेस तैयार करना।
  • चिकित्सा शिक्षा की फीस और अन्य शुल्कों से संबंधित दिशा-निर्देश तैयार करना।
  • डॉक्टरों और अस्पतालों के लिए विज्ञापन और सार्वजनिक संचार से जुड़े नैतिक दिशानिर्देश जारी करना।

हालिया दिशा-निर्देश और नियम

आयोग समय-समय पर चिकित्सा क्षेत्र में पारदर्शिता लाने के लिए नए नियम और नोटिस जारी करता रहता है। हाल ही में आयोग ने डॉक्टरों और चिकित्सा संस्थानों के लिए नैतिक विज्ञापन और जनसंचार को लेकर दिशानिर्देश भी जारी किए हैं, जिनका उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं के व्यवसायीकरण पर रोक लगाना और मरीजों के हितों की रक्षा करना है। इसके अलावा मेडिकल छात्रों और फैकल्टी की योग्यताओं के संबंध में भी समय-समय पर बदलाव किए जाते हैं।

यह भी पढ़ें: आयुष्मान कार्ड डाउनलोड कैसे करें: स्टेप-बाय-स्टेप ऑनलाइन तरीका | आयुष्मान भारत योजना: पात्रता, लाभ और कार्ड बनवाने का तरीका | सर्दियों में क्यों बढ़ जाता है जोड़ों का दर्द? कारण और राहत के उपाय

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. National Medical Commission किस मंत्रालय के अधीन आता है?

यह केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के अंतर्गत काम करने वाला एक प्रमुख सांविधिक निकाय है।

2. क्या NMC से पहले कोई अन्य संस्था थी?

हाँ, इससे पहले मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (MCI) देश में चिकित्सा शिक्षा और प्रैक्टिस को नियंत्रित करती थी, जिसे बाद में इस नए आयोग से बदल दिया गया।

3. क्या आयोग मेडिकल कॉलेजों की मान्यता रद्द कर सकता है?

हाँ, मानकों का पालन न करने या नियमों की अनदेखी करने पर मेडिकल असेसमेंट एंड रेटिंग बोर्ड संस्थानों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर सकता है।

Ashish

संपादक, खबर केंद्र