संपादकीय नीति
यह नीति बताती है कि ख़बरें लाइव पर प्रकाशित सामग्री कैसे तैयार होती है, उसकी जांच कैसे होती है और गलती होने पर हम क्या करते हैं।
खबरों का चयन
हम उन विषयों को प्राथमिकता देते हैं जो आम पाठक की ज़िंदगी पर असर डालते हैं — सरकारी योजनाएं, नौकरी, शिक्षा, सेहत, मौसम और वाराणसी से जुड़ी स्थानीय खबरें। हम सनसनी, अफवाह या बिना पुष्टि की सूचनाएं प्रकाशित नहीं करते।
स्रोत और तथ्य-जांच
- तथ्यों, तारीखों और रकम के लिए हम आधिकारिक स्रोतों — सरकारी पोर्टल, विभागीय अधिसूचनाएं, प्रशासन और संस्थानों के बयान — को आधार बनाते हैं।
- जो जानकारी पुष्ट नहीं हो पाती, उसे हम प्रकाशित नहीं करते या साफ बताते हैं कि वह पुष्ट नहीं है।
- योजनाओं और नियमों से जुड़ी खबरों में हम पाठकों को आधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी जांचने की सलाह देते हैं, क्योंकि नियम बदलते रहते हैं।
मौलिकता
हमारी हर खबर अपने शब्दों में लिखी जाती है। हम दूसरे प्रकाशकों के लेख, शीर्षक या तस्वीरें कॉपी नहीं करते। लेखों में इस्तेमाल तस्वीरें या तो हमारी अपनी होती हैं या ऐसी स्टॉक तस्वीरें जिनके इस्तेमाल की अनुमति है; प्रतीकात्मक तस्वीरों को साफ तौर पर "प्रतीकात्मक तस्वीर" लिखा जाता है।
AI टूल्स का इस्तेमाल
ख़बरें लाइव अपनी खबरें और गाइड तैयार करने में AI टूल्स की मदद लेता है — जैसे जानकारी जुटाने, ड्राफ्ट लिखने और भाषा सुधारने में। हर लेख प्रकाशन से पहले स्वचालित गुणवत्ता जांच से गुजरता है, और जिन लेखों के तथ्य पुष्ट नहीं होते उन्हें संपादकीय टीम की समीक्षा के लिए रोक लिया जाता है। प्रकाशित सामग्री की पूरी ज़िम्मेदारी ख़बरें लाइव की संपादकीय टीम की है।
निष्पक्षता और हितों का टकराव
हम किसी राजनीतिक दल, सरकार या कंपनी से जुड़े नहीं हैं। विज्ञापन या प्रायोजित सामग्री, यदि कभी प्रकाशित हुई, तो उसे साफ तौर पर "विज्ञापन" या "प्रायोजित" लिखा जाएगा।
संवेदनशील विषय
- हम अपराध पीड़ितों, विशेषकर महिलाओं और बच्चों की पहचान उजागर नहीं करते।
- सेहत से जुड़ी सामग्री केवल सामान्य जानकारी के लिए होती है; हम इलाज या दवा की गारंटी नहीं देते और डॉक्टर से सलाह लेने को कहते हैं।
- धर्म-ज्योतिष से जुड़ी सामग्री मान्यताओं पर आधारित होती है, उसे तथ्य के रूप में प्रस्तुत नहीं किया जाता।
सुधार नीति
गलती किसी से भी हो सकती है। अगर हमारी किसी खबर में तथ्यात्मक गलती मिलती है, तो हम उसे जल्द से जल्द सुधारते हैं। बड़ी गलती होने पर लेख के अंत में सुधार की सूचना और तारीख जोड़ी जाती है। गलती की जानकारी देने के लिए खबर के लिंक के साथ contact@khabrelive.com पर लिखें और विषय में "सुधार" लिखें।