वंदे भारत हब बना वाराणसी: 5 राज्यों के लिए चल रहीं 9 ट्रेनें, देखें पूरी सूची और रूट
वाराणसी देश की अत्याधुनिक सेमी हाईस्पीड ट्रेनों का प्रमुख हब बन गया है। कैंट और बनारस स्टेशन से अब 5 राज्यों के लिए कुल 9 वंदे भारत ट्रेनें संचालित हो रही हैं।
वाराणसी अब देश में सेमी हाईस्पीड रेल कनेक्टिविटी का एक प्रमुख केंद्र बन चुका है। नई दिल्ली के लिए स्लीपर वंदे भारत ट्रेन की शुरुआत के साथ ही काशी से संचालित होने वाली वंदे भारत ट्रेनों की कुल संख्या बढ़कर 9 हो गई है। उत्तर प्रदेश का यह पहला शहर बन गया है, जहां से पांच प्रमुख राज्यों के लिए सीधी और तेज रफ्तार रेल सेवा उपलब्ध है।
2019 से शुरू हुआ सफर, अब बना विशाल नेटवर्क
देश की सबसे पहली वंदे भारत एक्सप्रेस की शुरुआत 15 फरवरी 2019 को नई दिल्ली से वाराणसी के बीच ही हुई थी। बीते वर्षों में रेलवे ने शहर के दो प्रमुख स्टेशनों—वाराणसी जंक्शन (कैंट) और बनारस रेलवे स्टेशन (मंडुआडीह) से कई रूटों पर इन प्रीमियम ट्रेनों का विस्तार किया। आज उत्तर प्रदेश के अलावा दिल्ली, बिहार, झारखंड और मध्य प्रदेश तक काशी के यात्रियों की पहुंच बेहद सुगम हो चुकी है।
वाराणसी से चलने और गुजरने वाली 9 वंदे भारत ट्रेनें
| ट्रेन का नाम व रूट | प्रस्थान स्टेशन | गंतव्य राज्य |
|---|---|---|
| वाराणसी – नई दिल्ली (सुबह) | वाराणसी कैंट | दिल्ली |
| वाराणसी – नई दिल्ली (दोपहर) | वाराणसी कैंट | दिल्ली |
| वाराणसी – नई दिल्ली स्लीपर | वाराणसी जंक्शन | दिल्ली |
| वाराणसी – रांची | वाराणसी कैंट | झारखंड |
| वाराणसी – देवघर | वाराणसी कैंट | झारखंड |
| वाराणसी – मेरठ सिटी | वाराणसी कैंट | उत्तर प्रदेश |
| बनारस – आगरा कैंट | बनारस स्टेशन | उत्तर प्रदेश |
| बनारस – खजुराहो | बनारस स्टेशन | मध्य प्रदेश |
| पटना – गोमती नगर (लखनऊ) | वाराणसी होकर | बिहार व उत्तर प्रदेश |
धार्मिक और कारोबारी यात्राओं को मिला नया पंख
वाराणसी में रोजाना औसतन दो लाख से अधिक श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं, जिनमें से लगभग डेढ़ लाख लोग रेल मार्ग का उपयोग करते हैं। नौ वंदे भारत ट्रेनों की सुविधा मिलने से बाबा विश्वनाथ के दर्शन के साथ-साथ बाबा बैद्यनाथ धाम (देवघर) जाना भी काफी आसान हो गया है। इसके अलावा व्यापारी और कामकाजी पेशेवर बिना समय गंवाए दिल्ली, कानपुर, लखनऊ और रांची जैसे बड़े कारोबारी शहरों की यात्रा कर पा रहे हैं।
यात्रियों के लिए जरूरी सलाह
रेल प्रशासन ने यात्रियों की सुविधा को देखते हुए स्पष्ट किया है कि यात्रा की योजना बनाते समय टिकट पर प्रारंभिक स्टेशन का नाम जरूर जांच लें। कुछ ट्रेनें वाराणसी जंक्शन (कैंट) से खुलती हैं, जबकि कुछ का संचालन बनारस रेलवे स्टेशन से होता है। सभी ट्रेनों में आरक्षण आईआरसीटीसी (IRCTC) की आधिकारिक वेबसाइट, मोबाइल ऐप और रेलवे टिकट काउंटरों से कराया जा सकता है।
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
वाराणसी से दिल्ली के लिए कुल कितनी वंदे भारत ट्रेनें हैं?
वाराणसी और दिल्ली के बीच अब तीन वंदे भारत ट्रेनें उपलब्ध हैं। इनमें दो दिन में चलने वाली चेयर कार ट्रेनें हैं और एक रात भर चलने वाली स्लीपर ट्रेन है।
काशी से किन-किन राज्यों के लिए सीधी वंदे भारत सेवा है?
वाराणसी से उत्तर प्रदेश के विभिन्न शहरों के अलावा दिल्ली, झारखंड, बिहार और मध्य प्रदेश के लिए सीधी वंदे भारत ट्रेनें चलती हैं।